सीकर, लक्ष्मणगढ़ क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध आध्यात्मिक सिद्धपीठ शिवमठ धाम गाड़ोदा में गुरुवार को ब्रह्मलीन परम पूज्य महंत गुलाब महाराज की 8वीं बरसोदी (पुण्यतिथि) श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाई गई।
इस अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना, संत समागम, भजन संध्या और विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लिया।
कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत ने किया दर्शन
कार्यक्रम में राजस्थान सरकार के गोपालन, देवस्थान, पशुपालन एवं डेयरी मंत्री जोराराम कुमावत मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
शिवमठ धाम के मठाधीश महावीर जति महाराज एवं आयोजन समिति ने उनका स्वागत किया। मंत्री कुमावत ने सिद्धपीठ में मत्था टेककर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।
उन्होंने उपस्थित संतों का चरण वंदन कर आशीर्वाद भी प्राप्त किया।
“संतों के विचारों पर चलकर ही समाज का कल्याण संभव”
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री जोराराम कुमावत ने कहा
“शिवमठ धाम गाड़ोदा की यह पावन धरा ब्रह्मलीन महंत गुलाब महाराज की तपस्या से पवित्र हुई है। ऐसे महान संतों के विचारों और दिखाए गए मार्ग पर चलकर ही समाज का वास्तविक कल्याण संभव है।”
उन्होंने कहा कि सनातन धर्म केवल एक परंपरा नहीं, बल्कि जीवन जीने की कला और भारतीय संस्कृति की पहचान है।
गौ-सेवा को बताया हर नागरिक का कर्तव्य
अपने संबोधन में मंत्री कुमावत ने गौ-संरक्षण और गोपालन के महत्व पर भी प्रकाश डाला।
उन्होंने कहा
“गाय केवल एक पशु नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति और आस्था का आधार है। गौ-संरक्षण केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का नैतिक दायित्व है।”
उन्होंने भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार गौशालाओं को आत्मनिर्भर बनाने और गौवंश की सुरक्षा के लिए लगातार कार्य कर रही है।
युवाओं को संतों के सान्निध्य से जोड़ने पर जोर
मंत्री ने कहा कि आज की युवा पीढ़ी को संतों के सान्निध्य और भारतीय संस्कारों से जोड़ना समय की आवश्यकता है।
उनका कहना था कि जब तक हमारी संस्कृति सुरक्षित है, तब तक समाज और राष्ट्र भी सुरक्षित रहेंगे।
संतों और जनप्रतिनिधियों की रही उपस्थिति
कार्यक्रम में अनेक प्रमुख संत और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
इनमें प्रमुख रूप से:
- महंत प्रतापपुरी महाराज (पोकरण विधायक)
- महावीर जति महाराज
- संत बुद्धगिरी महाराज
- अवधेशाचार्य महाराज
- विष्णु परपणाचार्य महाराज
शामिल रहे।
इसके अलावा भाजपा जिलाध्यक्ष मनोज बाटड़, गजानंद कुमावत, संतोष मेघवाल, पूर्व मंत्री खेमाराम मेघवाल, दिनेश जोशी, दयाल सिंह शेखावत, ईश्वर सिंह राठौड़ सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
सम्मान समारोह भी हुआ आयोजित
कार्यक्रम के दौरान मंत्री जोराराम कुमावत को मठ की ओर से स्मृति चिह्न और शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया।
श्रद्धालुओं ने भजन संध्या, संत वाणी और भंडारे में भाग लेकर आध्यात्मिक वातावरण का आनंद लिया।





