सीकर कोषालय ने एजी पैरा की लंबित बकाया राशि की वसूली को लेकर सख्त निर्देश जारी किए हैं। कोषाधिकारी विक्रम सिंह ने बताया कि कोषालय सीकर के क्षेत्राधीन सभी आहरण एवं वितरण अधिकारियों (DDO) को तत्काल कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
अधिक भुगतान और कम कटौती पर आपत्ति
कोषाधिकारी के अनुसार निदेशालय कोष एवं लेखा जयपुर तथा महालेखाकार जयपुर द्वारा आईएफएमएस सिस्टम के निष्पादन ऑडिट में कई अनियमितताएं सामने आई हैं।
ऑडिट के दौरान कार्मिकों को एचआरए, डीए और बेसिक पे का अधिक भुगतान तथा जीपीएफ, एसआई और आरजीएचएस की निर्धारित दर से कम कटौती किए जाने संबंधी आक्षेप दर्ज किए गए हैं।
तत्काल वसूली के निर्देश
उन्होंने बताया कि संबंधित अधिकारियों को पहले भी कई बार वसूली के लिए निर्देशित किया जा चुका है। अब पुनः निर्देश दिए गए हैं कि एजी पैरा की बकाया राशि की वसूली मई 2026 के वेतन बिल अथवा चालान के माध्यम से इसी माह में अनिवार्य रूप से करवाई जाए।
साथ ही वसूली का पूरा विवरण वेतन बिल के साथ कोषालय को उपलब्ध करवाना होगा।
वेतन बिल अटकने की चेतावनी
कोषाधिकारी विक्रम सिंह ने कहा कि वसूली की प्रगति रिपोर्ट निदेशालय कोष एवं लेखा जयपुर और महालेखाकार जयपुर को भेजी जानी है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि निर्देशों की पालना नहीं हुई तो मई 2026 के वेतन बिल पारित करना संभव नहीं होगा।





