शिक्षानगरी सीकर में विद्यार्थियों की सुरक्षा और अनुशासन को लेकर प्रशासन सख्त हो गया है।
जिला कलेक्टर आशीष मोदी की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में कोचिंग संस्थानों और हॉस्टलों के लिए कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए गए।
मूवमेंट रजिस्टर और पंजीयन अनिवार्य
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि:
- सभी हॉस्टल और पीजी का पंजीयन अनिवार्य होगा
- हर हॉस्टल में मूवमेंट रजिस्टर रखना जरूरी होगा
इससे विद्यार्थियों की गतिविधियों पर नजर रखने और सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
NCORD बैठक में नशा नियंत्रण पर फोकस
बैठक में नार्को कोऑर्डिनेशन सेंटर (NCORD) के तहत नशा मुक्ति अभियान को मजबूत करने पर जोर दिया गया।
- सभी संस्थानों में “तंबाकू मुक्त क्षेत्र” बोर्ड लगाना अनिवार्य
- नवलगढ़ रोड और पिपराली रोड को “नो-टोबैको जोन” घोषित करने के निर्देश
पुलिस को सख्त जांच के निर्देश
कलेक्टर ने पुलिस विभाग को निर्देश दिए कि कोचिंग और हॉस्टलों के आसपास नियमित और रेंडम जांच की जाए।
पुलिस अधीक्षक प्रवीण नायक नुनावत ने बताया कि नशे की लत से प्रभावित विद्यार्थियों पर विशेष फोकस किया जाएगा।
काउंसलिंग और स्ट्रेस मैनेजमेंट जरूरी
विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए निर्देश दिए गए कि:
- सभी कोचिंग संस्थानों में काउंसलर नियुक्त किए जाएं
- नियमित काउंसलिंग सत्र आयोजित हों
- सप्ताह में एक दिन योग, मेडिटेशन और स्ट्रेस मैनेजमेंट कार्यक्रम जरूरी हों
हेल्पलाइन नंबर डिस्प्ले अनिवार्य
विद्यार्थियों की सुरक्षा के लिए चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 सहित अन्य आपातकालीन नंबरों का प्रदर्शन सभी संस्थानों में अनिवार्य किया गया है।
“ऑपरेशन संकल्प” से बनेगा ड्रग-फ्री कैंपस
कलेक्टर ने कहा कि जिले में “ऑपरेशन संकल्प” के तहत नशा मुक्ति अभियान को जन-आंदोलन बनाया जाएगा।
लक्ष्य है कि सीकर को “ड्रग-फ्री कैंपस” के रूप में विकसित किया जाए।
सुझाव और भागीदारी पर जोर
बैठक में कोचिंग संस्थानों, हॉस्टल संचालकों और अधिकारियों ने भी सुझाव दिए।
नगर परिषद आयुक्त शशिकांत शर्मा ने तंबाकू विक्रेताओं के लिए लाइसेंस प्रणाली लागू करने का सुझाव रखा।
कई अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में प्रशासन, पुलिस और विभिन्न विभागों के अधिकारी, कोचिंग संस्थानों के प्रतिनिधि और सामाजिक संगठनों के सदस्य मौजूद रहे।



