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Sikar News : सीकर की 2 सड़कें मुख्य जिला सड़क घोषित, 44.36 करोड़ विकास

Sikar roads upgraded to MDR, Dy CM Diya Kumari statement

धोद विधानसभा में 44.36 करोड़ से 39 सड़क कार्यों को मंजूरी
सीकर प्रदेश की उपमुख्यमंत्री एवं सार्वजनिक निर्माण मंत्री दिया कुमारी ने विधानसभा में घोषणा की कि जिले की दो सड़कों को 18 नवम्बर 2024 को मुख्य जिला सड़क (एमडीआर-415 और एमडीआर-416) में क्रमोन्नत किया गया है।

उन्होंने बताया कि एमडीआर-415 का 13 अगस्त 2025 को विस्तार भी किया गया है।


धोद क्षेत्र में 44.36 करोड़ से सड़क विकास

विधानसभा क्षेत्र धोद में बजट वर्ष 2025-26 के तहत 44.36 करोड़ रुपये से कुल 39 सड़क कार्य स्वीकृत किए गए हैं।

इनमें से 6 कार्य पूर्ण हो चुके हैं।
जबकि 33 कार्य प्रगतिरत हैं।

उपमुख्यमंत्री ने प्रश्नकाल के दौरान विधायक गोरधन के पूरक प्रश्नों का जवाब देते हुए यह जानकारी दी।


किन मार्गों को मिला एमडीआर दर्जा?

राज्य सरकार को दिसम्बर 2023 से दिसम्बर 2025 के बीच दो सड़कों को अपग्रेड करने के प्रस्ताव मिले थे।

इनमें शामिल है:

  • राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-52 से
  • भढ़ाढ़र
  • सांवलोदा धायलान
  • सांवलोदा पुरोहितान
  • नागवा
  • जीणमाता
  • खाटूश्यामजी

इन मार्गों को जोड़ने वाली सड़क (एमडीआर-415) की कुल लंबाई 75.10 किमी है।


वन क्षेत्र में 3.70 किमी हिस्सा

इस सड़क के 3.70 किमी हिस्से (चैनेज 55/500 से 59/200) वन क्षेत्र में आते हैं।

पूरे 75.10 किमी के चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण के लिए 93.87 करोड़ रुपये की आवश्यकता है।

वन क्षेत्र में कार्य के लिए वन विभाग की अनापत्ति (NOC) जरूरी होगी। इसकी स्वीकृति कार्यों की प्राथमिकता पर निर्भर करेगी।


मुख्य जिला सड़क घोषित करने के नियम

उपमुख्यमंत्री ने बताया कि किसी सड़क को मुख्य जिला सड़क (एमडीआर) घोषित करने के लिए तय मानदंड होते हैं:

सड़क कम से कम दो तहसील मुख्यालयों को जोड़े
दो औद्योगिक क्षेत्रों को संयोजित करे
आधी लंबाई पर न्यूनतम यातायात घनत्व 2000 पीसीयू हो

इन मानकों के आधार पर ही सड़कों को एमडीआर का दर्जा दिया जाता है।


सीकर को क्या मिलेगा फायदा?

  • बेहतर कनेक्टिविटी
  • ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापार को बढ़ावा
  • धार्मिक स्थलों तक आसान पहुंच
  • औद्योगिक गतिविधियों में तेजी

स्थानीय लोगों का कहना है कि “सड़कें सुधरने से आवागमन आसान होगा और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।”