सीकर अरबन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड के जमाकर्ताओं के लिए लंबे इंतजार के बाद राहत भरी खबर सामने आई है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने बैंक पर 09 नवंबर 2018 से लगाए गए परिचालन प्रतिबंधों को हटा दिया है और बैंक को पुनः नियमित दैनिक बैंकिंग कार्य व लेनदेन की अनुमति प्रदान कर दी है।
वर्षों बाद बहाल हुआ सामान्य बैंकिंग संचालन
RBI के इस फैसले से अब बैंक में जमा-निकासी, खातों का संचालन और अन्य बैंकिंग सेवाएं सामान्य रूप से शुरू हो सकेंगी। इससे हजारों जमाकर्ताओं को बड़ी राहत मिली है, जो वर्षों से अपने पैसों को लेकर चिंता में थे।
अध्यक्ष डॉ. प्रदीप जोशी ने दी जानकारी
बैंक अध्यक्ष डॉ. प्रदीप जोशी ने प्रेस वार्ता में बताया कि यह उपलब्धि बैंक संचालक मंडल के निरंतर प्रयासों, जमाकर्ताओं के धैर्य और बैंक के प्रति उनके अटूट विश्वास का परिणाम है।
उन्होंने कहा कि RBI ने बैंक की सुधरी हुई वित्तीय स्थिति और प्रबंधन व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया है।
डूबत राशि की वसूली और भुगतान का विवरण
डॉ. जोशी ने बताया कि प्रतिबंध अवधि के दौरान
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करीब 11 करोड़ 40 लाख रुपये की डूबत राशि की सफल वसूली की गई
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जमाकर्ताओं को 18 करोड़ 24 लाख रुपये क्लेम राशि के रूप में भुगतान किया गया
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विशेष कठिनाई के मामलों में लगभग 1 करोड़ रुपये की अतिरिक्त सहायता भी दी गई
भविष्य की कार्ययोजना
बैंक अध्यक्ष ने कहा कि आने वाले समय में जमाकर्ताओं के सहयोग से बैंक को सहकारी बैंकिंग क्षेत्र में सुदृढ़, पारदर्शी और प्रगतिशील संस्था के रूप में विकसित किया जाएगा।
RBI और सहयोगियों के प्रति आभार
इस अवसर पर उन्होंने भारतीय रिजर्व बैंक, राजस्थान सहकार विभाग, बैंक के जमाकर्ताओं और शेयरधारकों के प्रति आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम में रहे मौजूद
प्रेस वार्ता के दौरान बैंक उपाध्यक्ष सांवरमल सैनी, संचालक सुभाष बहड़, श्रवण मीणा, सलीमुद्दीन, मालचंद मोदी, ईश्वर लाल सैनी, रोहित सैनी, आलोक कुमार शर्मा सहित बड़ी संख्या में जमाकर्ता व शेयरधारक उपस्थित रहे।
