Rajasthan Rain Alert : राजस्थान के लोगों को अभी बारिश और ओलावर्ष्टि से राहत नहीं मिलने वाली है। बता दे की पिछले 24 घंटों से सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मौसम अचानक बदल गया है।
भारी बारिश और ओलावर्ष्टि ने कई हिस्सों में तबाही मचाई है। किसानों की फसलों को बड़ा नुकशान पहुंचा है।
पिछले 24 घंटों में मौसम
श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, बीकानेर और जैसलमेर सहित कई जिलों में तेज हवाओं के साथ भारी बारिश और ओलावृष्टि हुई। कोटा और गंगापुर शहर में ओलावृष्टि के कारण खेत, सड़कें और आसपास के इलाके सफेद चादरों से ढक गए।
श्रीगंगानगर के पदमपुर में सबसे अधिक 11.5 मिमी बारिश दर्ज की गई। चूरू के सरदारशहर में धूल भरी आंधी ने पूरे इलाके को अपनी चपेट में ले लिया, जबकि जयपुर में दिन भर बादल रहे।
मौसम में बदलाव से बढ़ते तापमान में भी कुछ राहत मिली है, लेकिन तेज हवाओं और ओलावृष्टि ने कई जगहों पर फसलों को नुकसान पहुंचाया है। स्थानीय किसानों का कहना है कि इतनी भारी बारिश कई वर्षों के बाद देखी गई है।
मौसम विभाग के जयपुर केंद्र ने आज भी कई क्षेत्रों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन इलाकों में गरज के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है,
तेज हवाएं 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती हैं और छिटपुट स्थानों पर ओलावृष्टि हो सकती है। विभाग ने लोगों को तूफान के दौरान सतर्क रहने और सुरक्षित स्थान पर शरण लेने की सलाह दी है।
सोमवार (6 अप्रैल) को जोधपुर और बीकानेर संभागों के कुछ हिस्सों में एक ताजा पश्चिमी विक्षोभ के गंभीर चक्रवाती तूफान में बदलने की संभावना है।
7 अप्रैल को जोधपुर, बीकानेर, अजमेर, जयपुर, भरतपुर और कोटा संभाग के कई हिस्सों में 50-60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है।
8 अप्रैल को उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, जबकि शेष क्षेत्रों में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने की उम्मीद है।
किसान अपनी फसलों का रखें ध्यान
मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि वे अपनी फसलों को खुले आसमान, कृषि बाजारों और धान बाजारों में ढक दें या उन्हें सुरक्षित स्थान पर रखें। भारी बारिश और बाढ़ ने फसलों को तबाह कर दिया है। ओलावृष्टि ने गेहूं और अन्य रबी फसलों को प्रभावित किया है और किसान चिंतित हैं।
