Rajasthan News: राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले में स्वास्थ्य विभाग द्वारा की गई एक बड़ी कार्रवाई में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जीवराज मीणा को एक बार फिर एपीओ बनाया गया है।
उन्हें तत्काल प्रभाव से जयपुर स्थित मुख्यालय में रिपोर्ट करने का निर्देश दिया गया है। यह आदेश स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त सचिव निशा मीणा ने जारी किया है।
अवैध जबरन वसूली के आरोपी डॉ. जीवराज मीणा काफी समय से विवादों में उलझे हुए हैं। उन पर निजी अस्पतालों से पैसे ऐंठने का आरोप है।
करीब एक महीने पहले एक निजी अस्पताल संचालक ने खुले तौर पर आरोप लगाए थे, जिसके बाद मामला सुर्खियों में आया था।
इन आरोपों को गंभीरता से लेते हुए प्रतापगढ़ कलेक्टर ने मामले की जांच की और उच्च अधिकारियों को एक रिपोर्ट भेजी।
रिपोर्ट के आधार पर, कलेक्टर ने डॉ. मीणा को उदयपुर मंडल से बाहर स्थानांतरित करने की सिफारिश की थी। इस सिफारिश के बाद विभाग ने अब सख्त कदम उठाए हैं और उन्हें जयपुर मुख्यालय बुलाया है।
यह पहली बार नहीं है जब डॉ. जीवराज मीणा के खिलाफ कार्रवाई की गई है। लगभग एक साल पहले उन्हें एपीओ बनाने के आदेश जारी किए गए थे,
लेकिन उस समय उन्होंने अपने प्रभाव के कारण आदेश बदल दिए और पद पर बने रहे।
राजनीतिक संबंधों पर भी चर्चा की गई। जीवराज मीणा का नाम भी चर्चा में है क्योंकि वह राज्य के राजस्व मंत्री हेमंत मीणा के बहनोई बताए जाते हैं।
मंत्री बनने के बाद उन्हें सीएमएचओ की जिम्मेदारी दी गई। तब से उनके खिलाफ लगातार भ्रष्टाचार के आरोप लग रहे हैं, जिसका असर राजनीतिक स्तर पर भी पड़ रहा है। ताजा कार्रवाई के बाद स्वास्थ्य विभाग में हलचल मच गई है।
